कौशांबी में अवैध खनन का आरोप, रातभर गरजीं पोकलैंड मशीनें; प्रशासन की भूमिका पर उठे सवाल

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कौशांबी। जनपद के चायल तहसील अंतर्गत सराय अकिल थाना क्षेत्र के कटैया घाट पर यमुना नदी में बड़े पैमाने पर अवैध खनन किए जाने के आरोप सामने आए हैं। स्थानीय ग्रामीणों का दावा है कि रविवार रात करीब 9 बजे से कई पोकलैंड मशीनों के माध्यम से नदी क्षेत्र में लगातार खनन कार्य चलता रहा। मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गर्म है और ग्रामीणों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की है।

ग्रामीणों के अनुसार खनन कार्य निर्धारित पट्टा क्षेत्र 10/10 से 10/13 के बजाय 14, 15 और 16 खंड में भी किए जाने का आरोप है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रातभर भारी मशीनों की आवाज और ट्रकों की आवाजाही जारी रही, जिससे क्षेत्र के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

ओटीपी बंद होने के बाद भी खनन का आरोप

स्थानीय लोगों का दावा है कि संबंधित खनन क्षेत्र का ओटीपी 31 मई 2026 को बंद हो चुका था। इसके बावजूद खनन गतिविधियां जारी रहने और लगातार ओवरलोड ट्रकों के संचालन की बात कही जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि सुबह अधिकारियों के पहुंचने की सूचना मिलते ही कई भारी मशीनों को मौके से हटा दिया गया।

यमुना की जलधारा पर खतरे की आशंका

ग्रामीणों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने यमुना नदी की जलधारा में खनन किए जाने पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि यदि नदी के भीतर अनियंत्रित खनन होता है तो इससे पर्यावरणीय संतुलन प्रभावित हो सकता है और नदी के प्राकृतिक स्वरूप को भी नुकसान पहुंच सकता है।

प्रशासन और खनन विभाग पर सवाल

मामले को लेकर स्थानीय लोगों ने खनन विभाग और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि रातभर मशीनों और ट्रकों की आवाजाही होने के बावजूद संबंधित विभागों की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई दिखाई नहीं दी। ग्रामीणों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

आधिकारिक पुष्टि का इंतजार

हालांकि, अवैध खनन से जुड़े इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। प्रशासन और खनन विभाग की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। मामले की सच्चाई जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

रिपोर्ट : जीतेंद्र कुमार झा

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