5 साल की बच्ची 50 फीट गहरे कुएं में गिरी:ऑक्सीजन सिलेंडर पैर में बांधकर उतरा सिपाही, फर्रुखाबाद में चौथी बार में बाहर निकाला
फर्रुखाबाद में 5 साल की बच्ची 50 फीट गहरे कुएं में गिर गई। ऊपर से झांकने पर बच्ची साफ दिखाई दे रही थी। लेकिन जहरीली गैस के डर से कोई नीचे उतरने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा था। कुछ गांववालों ने रस्सी के सहारे उतरने की कोशिश की। लेकिन दम घुटने से ऊपर आ गए। सिपाही मनोज ने तीन बार कुएं में उतरने की कोशिश की, लेकिन वो भी दम घुटने की वजह से बाहर आ गए। चौथी बार वह ऑक्सीजन सिलेंडर पैर में बांधकर उतरे और बच्ची को बाहर निकाल लाए। रेस्क्यू 3 घंटे चला। घटना गुरुवार दोपहर 2 बजे की कायमगंज क्षेत्र की है। पहले 2 तस्वीरें देखिए… अब पूरी घटना विस्तार से… जहानपुर गांव के रहने वाले पवन कुमार के परिवार में पत्नी सपना, बड़ी बेटी अनन्या, दूसरी बेटी लवन्या और सबसे छोटी बेटी सौम्या (5) हैं। इसके अलावा छोटा बेटा सिवाय है। सौम्या चार भाई-बहनों में तीसरे नंबर की है। पवन दिल्ली में एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं। अनन्या अपनी छोटी बहन सौम्या के साथ रसीदाबाद बल्लभ स्थित प्राथमिक विद्यालय पढ़ने गई थी। स्कूल की छुट्टी होने के बाद दोनों बहनें घर लौट रही थीं। इसी दौरान गांव में दिनेश के घर के पास चबूतरे पर झूला पड़ा था। दोनों बहनें कुछ देर झूला झूलने के बाद चबूतरे पर पहुंचीं। सौम्या कुएं की पटिया पर कूद गई। पटिया अचानक टूट गई और वह 50 फीट गहरे कुएं में जा गिरी। बहन के गिरने के बाद अनन्या चीख उठी। उसकी आवाज सुनकर बड़ी संख्या में गांववाले मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों ने बच्ची को बाहर निकालने का प्रयास किया, लेकिन कुआं संकरा होने के कारण कोई अंदर नहीं जा सका। पुलिस टीम के साथ बच्ची को बचाने पहुंचे अफसर बच्ची के कुएं में गिरने की खबर मिलते ही एसडीएम अभिषेक वर्मा, तहसीलदार हर्षित सिंह, सीओ राजेश कुमार द्विवेदी और इंस्पेक्टर क्राइम बी. यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। फायर ब्रिगेड और सीएचसी की स्वास्थ्य टीम को भी बुलाया गया। इसके बाद बच्ची को बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। कुएं के संकरा होने के कारण फायर ब्रिगेड की टीम के प्रभारी प्रांशु ने भी अंदर उतरने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। ऊपर से पुकारने पर बच्ची ने मांगा पानी सौम्या को जिंदगी और मौत के बीच देख मां सपना रोते-रोते बेहाल हो गईं। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान ऊपर से पुकारने पर सौम्या ने अंदर से पानी मांगा। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने रस्सी के सहारे कमंडल से पानी दो बार नीचे भेजा। सौम्या ने पानी पिया। इससे उसके सुरक्षित होने की उम्मीद और मजबूत हो गई। कोतवाली में तैनात सिपाही मनोज कुमार ने कुएं में उतरने का प्रयास किया। वह तीन बार कुछ दूर उतरकर वापस आए। इसके बाद सुरक्षा के लिए ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ मनोज कुएं में उतरे और बच्ची तक पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद उन्होंने करीब तीन घंटे बाद सौम्या को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। डॉक्टरों ने जांच के बाद बच्ची को अस्पताल भेजा सौम्या को तुरंत एंबुलेंस से सीएचसी ले जाया गया। चिकित्साधीक्षक डॉ. विपिन कुमार और डॉ. अमरेश कुमार ने बच्ची की जांच की। डॉक्टरों ने बताया कि बच्ची की हालत फिलहाल ठीक है। उसे ऑक्सीजन भी दी गई। बेहतर इलाज और निगरानी के लिए उसे लोहिया अस्पताल रेफर किया गया है। बच्ची के सकुशल बाहर निकलने के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। करीब तीन घंटे तक चले इस रेस्क्यू ऑपरेशन में पुलिसकर्मी मनोज कुमार की भूमिका अहम रही। उनके कुएं में उतरकर बच्ची को बाहर निकालने के साहस की मौके पर मौजूद लोगों ने तारीफ की। एसडीएम अभिषेक वर्मा ने बताया- तीन घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बच्ची को सकुशल कुएं से निकाल लिया गया। बेहतर इलाज के लिए उसे लोहिया अस्पताल भेजा गया है। बच्ची ने कुएं से निकलने के बाद आंखें खोली और बातचीत भी की है। ———————— ये खबर भी पढ़िए…. झांसी में 4 साल के मासूम पर ट्रक चढ़ा, सिर कटकर अलग; दादी समेत 3 की मौत झांसी में तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार एक परिवार को रौंद दिया। हादसे में महिला, उसके 4 साल के पोते समेत 3 लोगों की मौत हो गई। पति की हालत नाजुक है। हादसा बुधवार रात 8:30 बजे जिला मुख्यालय से 30 किमी दूर बबीना थाना क्षेत्र में हुआ। टक्कर के बाद ट्रक बाइक को 200 मीटर तक घसीटता हुआ ले गया। 4 साल का बच्चा संस्कार उर्फ भानू (4) बाइक पर सबसे आगे बैठा था। ट्रक का पहिया उसके ऊपर से गुजर गया। सिर और एक पैर धड़ से अलग हो गए। दादी उर्मिला का सिर कुचल गया। दोनों की मौके पर मौत हो गई। शवों के टुकड़े 50 मीटर तक बिखर गए। पढ़ें पूरी खबर…
