प्रयागराज नगर निगम में हुआ है 1.44 करोड़ का गृह कर घोटाला, जोन 3 और जोन 7 के कंप्यूटर ऑपरेटरों पर दर्ज है रिपोर्ट , पुलिस कार्रवाई धीमी, खुलासे पर सवाल

0
Kaushambi voice

👉 प्रयागराज नगर निगम घोटाला :जोन 3 के आकाश श्रीवास्तव और जोन 7 के सत्यम शुक्ला ने काटी थी 475 फर्जी रसीदें।
👉 थाना कर्नलगंज में  दर्ज है FIR , BNSS की धारा 314, 316(4), 318(4), 319(2) में मुकदमा।

👉 दो महीने बाद भी पुलिस की कार्रवाई बेहद सुस्त, आरोपी फरार, पुलिस कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवाल 

👉  नगर निगम में हड़कंप, अन्य जोनों की रसीदों की भी है जांच शुरू,निगम अधिकारियों ने पुलिस से कार्रवाई तेज करने की किया मांग ।

प्रयागराज। प्रयागराज नगर निगम में गृह कर वसूली के नाम पर हुआ 1 करोड़ 44 लाख 14 हजार रुपये का बड़ा घोटाला अब पूरी तरह सामने आ चुका है। नगर निगम के दो आउटसोर्सिंग कंप्यूटर ऑपरेटरों ने रसीदों में फर्जीवाड़ा कर यह रकम हड़प ली। मामले में निगम प्रशासन ने FIR तो दर्ज करवा दी है, लेकिन पुलिस की कार्रवाई बेहद धीमी है, जिससे पूरे घोटाले के खुलासे पर सवाल उठ रहे हैं।

जोन 3 और जोन 7 में बड़ा फर्जीवाड़ा

नगर निगम के जोन 3 में तैनात आकाश श्रीवास्तव (निवासी जयंतीपुर प्रयागराज) और जोन 7 में कार्यरत सत्यम शुक्ला (निवासी अल्लापुर प्रयागराज) ने रसीदों के माध्यम से करोड़ों की हेराफेरी की।

  • आकाश श्रीवास्तव ने अपनी आईडी से 88 फर्जी रसीदें काटीं, जिससे 18 लाख 6 हजार 661 रुपये कोष में जमा नहीं किए।
  • सत्यम शुक्ला ने 387 फर्जी रसीदें काटीं, जिनसे 1 करोड़ 26 लाख 5 हजार 368 रुपये गबन कर लिए।

मुकदमा दर्ज, लेकिन पुलिस कार्रवाई सुस्त

मुख्य कर निर्धारण अधिकारी पी.के. द्विवेदी की तहरीर पर 30 अप्रैल 2025 को थाना कर्नलगंज में अपराध संख्या 152/2025 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। मुकदमे में BNSS की धारा 314, 316(4), 318(4), 319(2) लगाई गई है।
हालांकि, मुकदमा दर्ज हुए दो महीने से अधिक समय बीत जाने के बाद भी पुलिस की जांच रफ्तार नहीं पकड़ सकी है।
चौकी कटरा प्रभारी द्वारा की जा रही विवेचना में अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो सकी है और आरोपी फरार हैं।

खुलासे में पुलिस की सुस्ती बनी बाधा

नगर निगम के सूत्रों का कहना है कि यदि पुलिस समय से कार्रवाई करती, तो पूरे घोटाले का बड़ा नेटवर्क उजागर हो सकता था। लेकिन पुलिस की लापरवाही और सुस्त कार्यशैली के कारण आरोपी अब तक पकड़ से बाहर हैं, जिससे घोटाले की पूरी सच्चाई सामने आने में देर हो रही है।

निगम में हड़कंप, अन्य जोनों की जांच शुरू

नगर निगम प्रशासन ने अन्य जोनों की भी जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि यह घोटाला अन्य जोनों तक फैला हो सकता है। साथ ही निगम में गृह कर वसूली से जुड़ी सभी रसीदों का भौतिक सत्यापन कराया जा रहा है।

कब होगी कार्रवाई?

नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि पुलिस की गति इसी तरह रही तो इस मामले की तह तक पहुंचना मुश्किल हो सकता है। निगम ने पुलिस अधिकारियों से कार्रवाई तेज करने की मांग की है, ताकि जनता के पैसे की हेराफेरी करने वाले दोषियों को जल्द सजा दिलाई जा सके।


अमरनाथ झा, पत्रकार
📞 8318977396

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

मुख्य ख़बरें