महिला ने लगाई आईजी से न्याय की गुहार, दबंगों पर जानलेवा हमले और पुलिस पर मिलीभगत का आरोप
👉 पीड़िता के खिलाफ ही पुलिस ने लिखा रिपोर्ट , लड़की के सिर में है गंभीर चोट..
👉 पुलिस की कार्यप्रणाली की जांच की उठी मांग , थाना मंझनपुर के भेलखा गाँव का है मामला…
👉 सिर्फ रूपये बटोरने लगी है पुलिस,नहीं दिखता है न्याय और पीड़ितो की चोट, पैसा दो काम कराओ की तर्ज पर चल रही है पुलिसिया धंधा…
कौशाम्बी। मंझनपुर थाना क्षेत्र के ग्राम भेलखा निवासी लालमनी पत्नी लाल जी ने प्रयागराज मंडल के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) को शिकायती पत्र देकर गांव के कई लोगों पर घर में घुसकर मारपीट, जानलेवा हमला करने तथा पुलिस पर आरोपियों से मिलीभगत का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता ने मामले की निष्पक्ष जांच कराकर न्याय दिलाने की मांग की है।
शिकायत के अनुसार, 27 जून 2026 की रात पानी को लेकर हुए विवाद के बाद आरोपी फरसा, कुल्हाड़ी और लाठी-डंडों से लैस होकर उसके घर में घुस आए और उसके परिवार पर हमला कर दिया। इस दौरान उसकी बेटी के सिर में गंभीर चोट आई, जबकि परिवार के अन्य सदस्य भी घायल हो गए। पीड़िता का कहना है कि सूचना पर यूपी-112 पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक आरोपी फरार हो चुके थे।
लालमनी का आरोप है कि इससे पहले भी 21 अप्रैल और 13 मई 2026 को उसके परिवार के साथ मारपीट की घटनाएं हुई थीं, जिनकी शिकायत थाना हाजा में दी गई, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसके चलते आरोपियों के हौसले और बढ़ गए।
पीड़िता ने शिकायती पत्र में आरोप लगाया है कि 27 जून की घटना के बाद जब वह थाने पहुंची तो उससे रुपये मांगे गए। रुपये न देने पर उसके परिवार के खिलाफ ही फर्जी मुकदमा दर्ज कर दिया गया। महिला का आरोप है कि पुलिस ने विपक्षियों से मिलीभगत कर उसके परिवार के 11 नामजद और 8-10 अज्ञात लोगों के विरुद्ध विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर दिया, जबकि वास्तविक पीड़ित उसका परिवार है। उसने यह भी आरोप लगाया कि उसके बच्चों के सिर फटे हैं और उनका मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है, लेकिन आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई।
महिला ने आईजी से मांग की है कि उसके विरुद्ध दर्ज आईआर संख्या-243/2026 को निरस्त कर निष्पक्ष जांच कराई जाए, वास्तविक आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए तथा संबंधित दरोगा तथा सर्किल अफसर मंझनपुर के विरुद्ध भी कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाए। साथ ही परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की भी मांग की गई है।
हालांकि, यह सभी आरोप पीड़िता द्वारा दिए गए शिकायती पत्र पर आधारित हैं। मामले में पुलिस का आधिकारिक पक्ष अभी सामने नहीं आया है।
अमरनाथ झा पत्रकार – 9415254415
