संदीपन घाट थाना क्षेत्र में अपराधों पर अंकुश लगाने में पुलिस नाकाम? गंभीर मामलों के खुलासे न होने से उठे सवाल
👉 संदीपन घाट में 18 अक्टूबर तक 23 मुकदमे दर्ज,खुलासे का इंतजार…
👉 6 चोरी और 4 अपहरण के मामलों में कार्रवाई पर उठे सवाल…
👉 नाबालिगों के लापता होने से फिरौती तक के मामले, पुलिस की कार्यशैली पर सवाल..
👉 सितम्बर में दर्ज हुआ कुल 32 मुकदमे , 3 अपहरण,1चोरी , 1-छिनौती,1 -फिरौती,खुलासे में है पुलिस पीछे,अधिकारी कब लेंगे संज्ञान…
👉 बेटा और बेटी की हत्या की धमकी देकर 11 लाख की फिरौती मांगने का आरोप”
कौशांबी | अमरनाथ झा – 9415254415
कौशांबी जनपद के संदीपन घाट थाना क्षेत्र में दर्ज गंभीर आपराधिक मामलों के खुलासे में देरी को लेकर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। सितंबर माह में अपहरण, चोरी, मोबाइल छिनैती, फिरौती की धमकी, सड़क हादसे में मौत और ठगी जैसी घटनाओं के मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। आरोप है कि कई मामलों में अब तक पीड़ितों को कार्रवाई और खुलासे का इंतजार है। वहीं, पुलिस अभिलेखों के अनुसार सितंबर माह में करीब 32 मुकदमे दर्ज होने की बात कही जा रही है।
नाबालिग लड़कियों के गायब होने के मामले दर्ज..
उपलब्ध विवरण के मुताबिक, 29 अगस्त 2026 को खुरई निवासी मनीता देवी ने अपनी 16 वर्षीय बेटी के सुबह करीब पांच बजे घर से लापता होने की शिकायत दर्ज कराई। इस मामले में अपराध संख्या 224/2026 दर्ज होने की जानकारी दी गई है।
इसी तरह, 1 सितंबर को एक अन्य लड़की को साधन पुत्र कुर्सी द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया गया। इस मामले का अपराध संख्या 227/2026 बताया गया है।
इसके अलावा, 8 सितंबर को एक 17 वर्षीय युवती के खेत से लापता होने के संबंध में भी मामला दर्ज हुआ। इसका अपराध संख्या 240/2026 बताया गया है। इन मामलों में पीड़ित परिवारों को अब तक क्या राहत मिली है, यह पुलिस की जांच और आधिकारिक जानकारी के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
मोबाइल छिनैती और 11 लाख रुपये की फिरौती मांगने का आरोप..
4 सितंबर 2026 को मूरतगंज पेट्रोल पंप के पास खड़े रवि कुमार पुत्र कन्हैयालाल का ओप्पो मोबाइल छीनकर भागने की घटना सामने आई। इस मामले में अपराध संख्या 228/2026 दर्ज होने की जानकारी है।
वहीं, सैयद सरावां, काजीपुर निवासी रामभवन यादव ने आरोप लगाया कि 4 सितंबर को फोन के जरिए उनकी बेटी के संबंध में 11 लाख रुपये की फिरौती मांगी गई। इसके बाद 5 सितंबर को दोबारा फोन कर नौ लाख रुपये की मांग किए जाने और रकम न देने पर बेटी की हत्या करने की धमकी दिए जाने का आरोप है। इस मामले में अपराध संख्या 231/2026 दर्ज होने की बात कही गई है।
फिरौती और हत्या की धमकी से जुड़े मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की जांच, आरोपियों की पहचान और पीड़ित परिवार की सुरक्षा को लेकर सवाल उठते हैं।
सड़क हादसे में युवक की मौत, समरसेबल में चोरी..
8 सितंबर को तेरह मील मोड़ के पास एक युवक को महिंद्रा पिकअप से टक्कर मारने की घटना सामने आई। आरोप है कि वाहन चालक प्रयागराज की ओर भाग गया। हादसे में एक युवक की मौके पर मौत हो गई, जबकि दूसरा घायल हो गया। इस मामले में अपराध संख्या 234/2026 दर्ज होने की जानकारी है।
इसी तरह, 28 और 29 सितंबर की रात पनौई निवासी नागेंद्र सिंह पुत्र रामसूर्यवान के समरसेबल में अज्ञात लोगों द्वारा पाइप और मोटर खोलने तथा उसमें ईंट-पत्थर डालकर पाइप क्षतिग्रस्त करने का आरोप है। इस मामले में अपराध संख्या 254/2026 दर्ज होने की बात बताई गई है।
शादी के नाम पर सवा लाख रुपये की ठगी का आरोप…
18 सितंबर 2026 को मथुरा जनपद के चकराया निवासी बिहारी पुत्र रमन के साथ शादी कराने के नाम पर करीब सवा लाख रुपये की ठगी किए जाने का आरोप सामने आया। शिकायत के अनुसार, उज्जैनी बुलाकर विवेक कुमार और कल्लू कुर्सियां आनंद नामक व्यक्तियों पर ठगी करने का आरोप लगाया गया है। इस मामले में अपराध संख्या 245/2026 दर्ज होने की जानकारी दी गई है।
दर्ज मुकदमों के खुलासे पर सवाल, अधिकारियों से जवाबदेही की मांग
स्थानीय स्तर पर आरोप लगाए जा रहे हैं कि थाना क्षेत्र में दर्ज कुछ गंभीर मामलों में अब तक अपेक्षित प्रगति सामने नहीं आई है। हालांकि, प्रत्येक मुकदमे की वर्तमान स्थिति, पुलिस की ओर से की गई कार्रवाई और आरोपियों की गिरफ्तारी के संबंध में आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। इस मामले में जब थाना प्रभारी नागेन्द्र कुमार नगर से बात करने का प्रयास किया गया तो उनका फोन नहीं उठा है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि दर्ज मुकदमों के अलावा भी कई घटनाएं सामने आती हैं, जिनमें शिकायत दर्ज कराने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। यदि शिकायतें दर्ज नहीं हो रही हैं, तो इसकी निष्पक्ष जांच भी जरूरी है। दूसरी ओर, पुलिस की ओर से शिकायत न लिखने या वसूली करने के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
अब सवाल यह है कि संदीपन घाट थाना क्षेत्र में दर्ज गंभीर मामलों की विवेचना कहां तक पहुंची है? नाबालिग लड़कियों के लापता होने और फिरौती की धमकी जैसे मामलों में क्या कार्रवाई की गई? चोरी और ठगी के आरोपियों की पहचान के लिए क्या कदम उठाए गए? क्या पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी इन मामलों की समीक्षा कर समयबद्ध खुलासे के निर्देश देंगे?
क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को लेकर उठ रहे सवालों के बीच पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी, लंबित मामलों की समीक्षा और शिकायतों पर पारदर्शी कार्रवाई की आवश्यकता महसूस की जा रही है। पुलिस का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद मामले की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।
