अतीक के करीबियों ने टोल गेट तोड़ा, दबंगई का CCTV:प्रयागराज में उमर के काफिले की गाड़ियों ने पुलिसवालों को कुचलना चाहा, रील बनाई
माफिया अतीक अहमद के बड़े बेटे उमर से जुड़ा एक और विवाद सुर्खियों में है। उमर के करीबियों ने टोल प्लाजा पर दबंगई और गुंडई दिखाई, जिसका CCTV सामने आया है। असल में अतीक के छोटे बेटे अबान की मौत के बाद सुपुर्द-ए-खाक में शामिल होने के लिए लखनऊ जेल से उमर को प्रयागराज लाया जा रहा था। इस दौरान पुलिस वैन के पीछे अतीक-उमर के समर्थक 30 से ज्यादा गाड़ियों का काफिला लेकर चले। काफिले की गाड़ियां नवाबगंज टोल प्लाजा पहुंचीं तो टोल के लिए रोका गया। इस दौरान कुछ युवक गाड़ियों से उतरे और टोल का बूम बैरियर तोड़कर उसे हाथ में उठा लिया। इसके बाद एक-एक कर काफिले की गाड़ियां टोल से निकल गईं। टोलकर्मियों ने विरोध किया तो युवकों ने उन्हें धमकाया। पुलिस को सूचना दी गई। आगे चकिया में पुलिस ने काफिले को रोकना चाहा तो पुलिसकर्मियों को कुचलने की कोशिश की गई। ऐसा ही काफिले के लोगों ने प्रतापगढ़ में भी किया था। प्रयागराज में 28 गाड़ियों और प्रतापगढ़ में 2 गाड़ियों पर FIR हुई है। दबंगई की 3 तस्वीरें देखिए- अब घटना से जुड़े 4 वीडियो में क्या दिख रहा, जानिए- 1- 32 सेकेंड के वीडियो में आगे पुलिस की 3 गाड़ियां निकलती हैं। फिर उमर की वैन, उसके पीछे पुलिस की 1 गाड़ी निकलती है। इसके पीछे एक-एक कर 10 गाड़ियां तेज रफ्तार में निकलती हैं। 2- 17 सेकेंड के वीडियो में उमर के करीबियों के काफिले की गाड़ियां नवाबगंज टोज प्लाजा पर पहुंचती हैं। 4 से 6 युवक एक गाड़ी से उतरते हैं। दौड़ते हुए टोल प्लाजा का बूम बैरियर हाथ से उठाकर तोड़ देते हैं। पकड़े खड़े रहते हैं। फिर एक-एक गाड़ियों का काफिला निकलता है। 3- 18 सेकेंड का वीडियो चकिया का है। पुलिस के मुताबिक, नवाबगंज टोल पर दबंगई की सूचना मिली। इसके बाद यहां उमर और पुलिस की वैन को निकालकर बाकी काफिले की गाड़ियों को रोकने की कोशिश की गई। इस दौरान काफिले की गाड़ियों ने पुलिसवालों को कुचलने की कोशिश की। 4- 19 सेकेंड के वीडियो में 50 से ज्यादा गाड़ियां तेज रफ्तार में हाईवे से गुजर रही हैं। एक के पीछे एक रफ्तार भरतीं THAR समेत कई लग्जरी गाड़ियां निकल गईं। इसमें हादसे होते-होते बचे। कई बाइक चालक हाईवे से किनारे उबड़-खाबड़ कच्चे रास्ते पर आ गए। बाइक को बड़ी मुश्किल से संभाल पाए। काफिले की कई गाड़ियों के दरवाजे से युवक लटके नजर आ रहे हैं। कई गाड़ियों का सनरूफ खोलकर लोग खड़े हैं। ये सब काफिले और उमर की रील बना रहे हैं। इस भास्कर पोल में हिस्सा लेकर अपनी राय दीजिए- अब गिरफ्तार होंगे दबंगई करने वाले प्रयागराज और प्रतापगढ़ की पुलिस ने दोनों टोल प्लाजा के सीसीटीवी की फुटेज कब्जे में ले ली है। नवाबगंज थाना प्रभारी पंकज अवस्थी ने बताया- फुटेज के जरिए यह भी पता लगाया जाएगा कि घटना के समय कौन-कौन से वाहन मौके से गुजरे? गाड़ियों के नंबरों के आधार पर उनके मालिकों और ड्राइवर की पहचान करा रहे हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी की कोशिश शुरू हो गई है। इधर, दैनिक भास्कर ने टोल कर्मियों से बात करने की कोशिश की, लेकिन वे दहशत की वजह से कुछ भी बोलने से बचते रहे। हाईकोर्ट ने शर्तों के साथ दी थी पैरोल माफिया अतीक अहमद के 5 बेटों में से सबसे छोटे बेटे अबान अहमद की 6 अगस्त को झांसी में सड़क हादसे में मौत हो गई थी। वह झांसी की जेल में बंद अपने दूसरे नंबर के भाई अली अहमद से मिलने जा रहा था। रास्ते में तेज रफ्तार क्रेटा कार बेकाबू होकर डिवाइडर से टकरा गई। इस हादसे में कार की अगली सीट पर बैठे अबान और उसके एक साथी सोनू की मौके पर मौत हो गई थी। कार में सवार 3 और लोग घायल हो गए थे। अबान की मौत के बाद जेल में बंद उसके दोनों बड़े भाइयों मोहम्मद उमर और अली अहमद ने हाईकोर्ट में पैरोल के लिए अर्जी दायर की थी। उन्होंने प्रयागराज में अबान अहमद के जनाजे में शामिल होने की मंजूरी मांगी थी। 7 अगस्त को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कई शर्तों और पाबंदी के साथ दोनों को जनाजा में शामिल होने की इजाजत दे दी थी। पैरोल मंजूर होने के बाद 8 अगस्त को दोनों को पुलिस की सुरक्षा के साथ प्रयागराज रवाना किया गया था। मोहम्मद उमर को लखनऊ की जेल से और अली अहमद को झांसी की जेल से पुलिस की वैन में बैठाकर प्रयागराज ले जाया गया था। प्रयागराज पहुंचते ही गाड़ियों का काफिला बढ़ गया प्रयागराज के लिए रवाना होते ही उमर और अली के करीबियों की गाड़ियां उनकी गाड़ियाें के पीछे-पीछे चलने लगीं। प्रयागराज की सीमा में प्रवेश करते-करते समर्थकों की गाड़ियों का काफिला लगातार बढ़ता गया। कसारी-मसारी पहुंचने तक दोनों के काफिले में कई गाड़ियां दिखाई दीं। अतीक की मौत के बाद पहली बार फिर दिखा ऐसी भीड़ 3 साल पहले 15 अप्रैल, 2023 को अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की हत्या के बाद प्रयागराज में अतीक परिवार को लेकर इतना बड़ा जनसमूह एक बार फिर दिखाई दिया। हालांकि, इस बार मौका राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन का नहीं, बल्कि परिवार के छोटे बेटे आबान की मौत के बाद अंतिम संस्कार का था। ————————– यह खबर भी पढ़िए- अतीक की कब्र बेटे उमर-अली ने पहली बार देखी, तीनों भाई सिर रखकर खूब रोए, भाई का जनाजा उठाया प्रयागराज में अतीक अहमद के सबसे छोटे 21 साल के बेटे अबान को 8 अगस्त को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। जेल में बंद उसके दोनों बड़े भाई अली-उमर भी पैरोल पर जनाजे में शामिल हुए। अतीक के तीनों बेटे उमर, अली और अहजम 4 साल बाद एक साथ मिले, तो एक-दूसरे के कंधे पर सिर रखकर खूब रोए। पूरी खबर पढ़ें
