Mon. Aug 10th, 2020

जिला मुख्यालय में न्यू तेजमति हॉस्पिटल ने मचा रखा है मरीजों से लूट का धंधा, आंख मूंद कर बैठा है जिला प्रशासन नहीं होती है कोई करवाई ,आए दिन होती है अस्पताल में मरीजों की मौत

न्यू तेजमति हास्पीटल ने मचा रखा है मरीजों से लूट का धंधा , होती है आए दिन मरीजों की अस्पताल में मौत
👉 अपनी मर्जी से दवाइयों पर प्रिंट रेट छपाकर कीमत से 4 गुना दाम पर दे रहे हैं दवा, अस्पतालों में चल रहा है आजकल यह है धंधा

आयुष्मान कार्ड पर नहीं करते इलाज, इलाज करने के बाद आयुष्मान कार्ड का भी निकाल लेते हैं पैसा, डॉक्टर कमाते हैं दोहरा लाभ ।

👉 आंख मूंद कर बैठा जिला प्रशासन ,भारी भरकम रकम डॉक्टर उच्च अधिकारियों में करते हैं प्रतिमाह बंदरबांट, डॉक्टर की इस बात की खुलेआम हो रही चर्चा ।
👉 डॉ0 ए0के कनौजिया ने 15 वर्षों में बनाई आय से अधिक संपत्ति, अरबों की काली कमाई से खड़ा किया है बेनामी संपत्ति का कारोबार ।

6 जनवरी को ओसा-गौरा निवासी दुर्गा प्रसाद की मौत पर हो चुका है बवाल, मामला पुलिस तक पहुंचा फिर भी नहीं हुई कोई कार्रवाई ।

कौशाम्बी । जिले के समदा निवासी शिव बदन की आंत खराब होने के बाद न्यू तेजमती हास्पिटल में दिखाने के लिए गया । मरीज से डॉक्टर ए0के कनौजिया ने कहा कि आयुष्मान कार्ड से इलाज नहीं होगा आंत फट गई है अगर ऑपरेशन नहीं हुआ त़ो कुछ भी हो सकता है । ऑपरेशन करना पड़ेगा नहीं आंत खराब हो जाएगी । परिजनों को इतना डरा दिया कि वह तैयार हो गया । फिर,उसका इलाज शुरू किया । जो इंजेक्शन मार्केट में ₹550 प्रिंट रेट है और ₹400 का मिलता है । वही इंजेक्शन न्यू तेजमती हॉस्पिटल में ₹2990 का मिलता है और उसकी 5000 कीमत लेकर प्रतिदिन के हिसाब से 2 इंजेक्शन लगाते रहे है । उसका लगभग ₹50000 जमा कराने के बाद डिस्चार्ज के समय फिर लगभग 50,000 से ज्यादा पैसा लिया गया है ।

मजेदार बात यह है कि इलाज होने के बाद उससे 50,000 लगभग और रुपए लिए और बाद में उसका आयुष्मान कार्ड मंगा करके उसको बोर्ड के सामने खड़ा करा कर फोटो खिंचवा लिए और ऑनलाइन करवा दिया है । इसके बाद अस्पताल के मैनेजर ने मरीज के जितने भी लगभग एक लाख के दवा इलाज का बिल और रसीद दिया था वह वापस मंगा कर ले लिया है । मरीज को डिस्चार्ज कर दिया गया है ।

बता दें कि न्यू तेजमती अस्पताल जिले में खुलेआम लूट का धंधा मचा रखा है लेकिन अधिकारियों के नाक के नीचे होने के बावजूद भी जिला प्रशासन इस अस्पताल का तरफ ध्यान नहीं दे रहे हैं । इस अस्पताल के लोगों का कहना है कि जब प्रदेश के डिप्टी सीएम के लोग उसका कुछ नहीं उखाड़ पाए हैं तो मीडिया में छपने से कोई फर्क पड़ने वाला नहीं है । आए दिन इस अस्पताल में मरीजों की डॉक्टरों की लापरवाही से मौत होती रहती है । यहां तक कि जिला अस्पताल के जो पेशेंट का रिफर इलाहाबाद के लिए किया जाता है वह सभी पेशेंट को तेजमति में ही लाकर भर्ती किया जाता है और उनसे धना दोहन किया जाता है । अब देखना यह है कि लूट मचा रहे न्यू तेजमति अस्पताल के लोगों पर कार्रवाई होती है या फिर सब कुछ ऐसे ही चलता रहेगा ।

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